हरिद्वार, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र & अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी, (USRLM) की अध्यक्षता में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक विकास भवन सभागार, हरिद्वार में आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य जनपद में संचालित NRLM के विभिन्न घटकों की प्रगति की समीक्षा करना तथा आगामी कार्यों की समयबद्ध क्रियान्वयन हेतु दिशा-निर्देश प्रदान करना रहा। इस बैठक में मुख्य विकास अधिकारी महोदय तथा USRLM के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ जनपद की NRLM/ग्रामोत्थान टीम भी उपस्थित रही।
बैठक में सर्वप्रथम NRLM के प्रत्येक घटक की विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों ने निर्देश दिए कि KYC, SHG सदस्यों के बैंक खातों का LOKOS में अपडेशन, SMC, तथा SHG, VO एवं CLF के ऑडिट का कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा किया जाए। साथ ही शेलपन कैडर (Shellpan Cadre) का ऑनबोर्डिंग, FPO एवं IFC के कार्यों को गति प्रदान करने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि बिना बैंक खाता वाले SHG तथा अपूर्ण प्रोफाइल वाले समूहों की प्रोफाइल को शीघ्र पूरा किया जाए एवं SHG, VO और CLF के ट्रांजैक्शन को पूर्ण किया जाए।

समीक्षा के दौरान ई-बुककीपर (eBookkeeper) के माध्यम से ग्राम पंचायतवार कार्यों को निर्धारित समय पर पूरा कराने के सख्त निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने कहा कि ई-बुककीपर प्रणाली से समूहों की वित्तीय पारदर्शिता बढ़ेगी तथा लेखा-जोखा समय पर उपलब्ध होगा, जिससे समूहों की कार्यक्षमता में वृद्धि होगी।
बैठक में IPRP की भर्ती, CLF में CLF मैनेजर एवं अकाउंटेंट की ब्लॉक स्तर पर भर्ती कराने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही VPRP पर सभी इकाइयों का ENTITALMENT Plan एवं लाइवलीहुड प्लान (Livelihood Plan) तैयार करने के निर्देश दिए गए। इन योजनाओं को ग्राम सभा के लिए तैयार करते हुए GPDP में सोशल डेवलपमेंट प्लान के साथ प्रस्तुत करने को कहा गया, जिससे ग्रामीण विकास योजनाओं में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित हो सके तथा आजीविका संबंधी गतिविधियों को प्राथमिकता मिल सके।
अधिकारियों ने निर्देश दिया कि सभी प्रकार की RSETI की ट्रेनिंग समय से पूरी की जाए तथा स्मॉल एंटरप्राइजेज एवं इंटरलूनिंग (Interloaning) को बढ़ावा देकर SHG सदस्यों की आजीविका को सुदृढ़ किया जाए। साथ ही बीमा सखी, FLCRP एवं BC सखी की ट्रेनिंग को RSETI के साथ समन्वय स्थापित कर पूरा कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि सभी प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों की गुणवत्ता बनाए रखते हुए उन्हें निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण किया जाए, जिससे समूह की महिलाओं को स्वरोजगार एवं आजीविका के बेहतर अवसर उपलब्ध हो सकें।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं मुख्य विकास अधिकारीमहोदय ने ब्लॉक स्तर के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि लखपति दीदी की आजीविका को बढ़ाने के लिए लाइन डिपार्टमेंट, ग्रामोत्थान एवं अन्य विभागों के सहयोग से अधिक से अधिक लाभ दिलाया जाए। उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर लखपति दीदी को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जाए, जिससे जनपद की लखपति दीदी की आजीविका को मजबूत किया जा सके। साथ ही महिलाओं से जुड़े NRLM के सभी घटकों को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए गए, ताकि जनपद की प्रगति बेहतर हो सके तथा जनपद अन्य जनपदों के लिए उदाहरण बन सके।
बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि सभी इकाइयों (SHG, VO, CLF) के ट्रांजैक्शन को पूर्ण किया जाए तथा आवश्यकतानुसार सुधारात्मक कार्रवाई की जाए। अधिकारियों ने कहा कि समूहों की आर्थिक स्थिति मजबूत होने से ही ग्रामीण महिलाओं की आजीविका में स्थायी सुधार संभव है।
इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी हरिद्वार, स्टेट मिशन मैनेजर दिवाकर पुरोहित, SPM विनकेश जी, SPM चरणजीत जी, UPSRLM से दुर्गा गैरोला जी, तथा 6 blocks BDOs ,NRLM टीम से जिला थीमेटिक एक्सपर्ट सूरज कुमार एवं MIS दानेश सहित जनपद की ग्रामोत्थान टीम उपस्थित रही।
बैठक के अंत में सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे उपरोक्त बिंदुओं पर प्राथमिकता के आधार पर कार्य करें तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करें। इस बैठक से जनपद हरिद्वार में NRLM के अंतर्गत संचालित गतिविधियों को नई गति मिलने तथा ग्रामीण महिलाओं की आजीविका को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण योगदान मिलने की अपेक्षा है।
