सड़कों को गड्ढा मुक्त बनाने के कार्य में लाएं तेजी : जिलाधिकारी
15 सितंबर तक टेंडर प्रक्रिया पूर्ण एवं 15 अक्टूबर तक जनपद की सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के निर्देश

जनपद की सड़कों को गड्ढा मुक्त एवं सुरक्षित बनाने के लिए जिला प्रशासन द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। माननीय मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में सड़कों के सुधारीकरण एवं गड्ढा मुक्त किए जाने के कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु जनपद में समिति का गठन भी किया गया है। इसी क्रम में जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने आज जिला कार्यालय सभागार में संबंधित विभागों एवं अधिकारियों के साथ सड़कों को गड्ढा मुक्त किए जाने के संबंध में समीक्षा बैठक आयोजित की।
बैठक में जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों से जनपद में विभिन्न मार्गों की वर्तमान स्थिति, चिन्हित किए गए गड्ढों, उनके सुधारीकरण तथा प्रस्तावित कार्यों के संबंध में विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के कार्य को प्राथमिकता के आधार पर निर्धारित समयसीमा में पूर्ण किया जाए तथा कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि 15 सितंबर, 2026 तक सड़कों के सुधारीकरण एवं गड्ढा मुक्त किए जाने से संबंधित सभी टेंडर प्रक्रिया अनिवार्य रूप से पूर्ण कर ली जाए, ताकि धरातल पर कार्य समय से प्रारंभ किया जा सके। उन्होंने कहा कि 15 अक्टूबर, 2026 तक जनपद की सभी चिन्हित सड़कों को गड्ढा मुक्त किया जाना सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए निर्धारित समयसीमा में कार्य पूर्ण करें।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सड़कों की स्थिति का समय-समय पर स्थलीय निरीक्षण किया जाए और जहां भी सड़क पर गड्ढे अथवा अन्य कमियां पाई जाती हैं, उनका तत्काल संज्ञान लेते हुए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही, किए गए कार्यों की प्रगति एवं निरीक्षण की रिपोर्ट नियमित रूप से जिला प्रशासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि सड़कें आमजन के आवागमन का प्रमुख माध्यम हैं। अतः सड़कों की स्थिति बेहतर होने से स्थानीय लोगों के साथ ही जनपद में आने वाले तीर्थयात्रियों एवं पर्यटकों को भी सुरक्षित एवं सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़कों के सुधारीकरण के दौरान निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, मानकों एवं निर्धारित समयसीमा का विशेष ध्यान रखा जाए।
बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सड़कों की नियमित निगरानी करते हुए प्राथमिकता के आधार पर कार्ययोजना तैयार करें तथा प्रगति से जिला प्रशासन को अवगत कराएं। जिलाधिकारी ने कहा कि सड़क सुधारीकरण से संबंधित कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब को गंभीरता से लिया जाएगा।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र सिंह रावत, उपजिलाधिकारी जखोली भगत सिंह फोनिया, उपजिलाधिकारी ऊखीमठ अनिल रावत, उपजिलाधिकारी रुद्रप्रयाग सोहन सिंह सैनी, अधिशासी अभियंता लोनिवि रुद्रप्रयाग संजीव कुमार सैनी, अधिशासी अभियंता पीएमजीएसवाई आदि संबंधित विभागों के अधिकारी एवं समिति के सदस्य उपस्थित रहे।
